नैनीताल के पास ज्योलीकोट क्षेत्र के ज्योलीकोट, गांजा, सरियाताल समेत आधा दर्जन से ज्यादा गांवों में पीलिया और डायरिया के मामले सामने आने से हड़कंपमचा है. 100 से ज्यादा ग्रामीण बीमार बताए जा रहे हैं, जबकि दो लोगों की इलाज के दौरान मौत हो चुकी है. ग्रामीणों ने दूषित पानी को बीमारी की वजह बताया है.प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीमें प्रभावित इलाकों में जांच और उपचार में जुटी हैं.
जिस पानी के भरोसे लोगों की जिंदगी चलती है, अब वही पानी लोगों को डराने लगा है. घरों में नल खुलते हैं तो लोग पानी भरने से पहले सोच रहे हैं. त्तराखंड के नैनीताल जिले में ज्योलीकोट और आसपास के आधा दर्जन से ज्यादा गांवों में पीलिया और डायरिया के बढ़ते मामलों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है ज्योलीकोट, गांजा, सरियाताल समेत आसपास के गांवों में अब तक 100 से ज्यादा ग्रामीणों के बीमार होने की जानकारी है. इनमें कई मरीजों को नैनीताल और हल्द्वानी के अस्पतालों में इलाज के बाद बड़े अस्पतालों में रेफर किया गया. कुछ मरीजों का उपचार बरेली और दिल्ली तक में चल रहा है.
