उत्तराखंड में भीड़ प्रबंधन हमेशा से चुनौती साबित होती है। कांवड़ व कुंभ मेले में करोड़ों की संख्या में विभिन्न राज्यों से श्रद्धालु यहां आते हैं। पुलिस तमाम प्रयासों के बावजूद भीड़ पर नजर नहीं रख पाती है। वहीं, पुणे की एक कंपनी ने ऐसा ड्रोन तैयार किया है जो लगातार सात घंटे आसमान में उड़कर भीड़ वाली जगहों पर नजर रख सकता है। ऐसे में उत्तराखंड के लिहाज से यह ड्रोन ज्यादा कारगर साबित हो सकता है।वन अनुसंधान संस्थान में आयोजित 49वीं अखिल भारतीय पुलिस साइंस कांग्रेस (एआइपीएससी) में प्रदर्शनी के दौरान कंपनी ने इस टेदरेड ड्रोन को शामिल किया है। ड्रोन देखने और उसकी कार्यप्रणाली जानने के लिए अधिकारियों से लेकर आमजन में उत्सुकता नजर आई। भारतीय सेना व केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल भी इस ड्रोन को अपने कार्य प्रबंधन में शामिल कर चुके हैं।
कंपनी के प्रतिनिधियों ने बताई ड्रोन की विशेषताएं
ड्रोन के बारे में कंपनियों के प्रतिनिधियों ने बताया कि यह जमीन से बंधा हुआ एक मानव रहित हवाई वाहन है। यह ड्रोन केबल के माध्यम से स्टेशन से जुड़ा होता है, जो बैटरी से चलता है। ऐसे में बैटरी के बैकअप के अनुसार यह ड्रोन घंटों तक जमीन से 100 मीटर दूरी पर रह सकता है।
राज्यपाल व डीजीपी ने किया प्रदर्शनी का अवलोकन
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) व पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने सभी प्रतिनिधियों के साथ प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने मेक इन इंडिया योजना के तहत उच्च व स्वदेशी तकनीक से निर्मित स्मार्ट वेपंस एवं अन्य उपकरणों को पुलिस आधुनिकीकरण में सम्मिलित करने पर जोर दिया।
प्रदर्शनी में लगाए थे स्टाल
प्रदर्शनी में फारेंसिक साइंस, ड्रोन, रोबोटिक्स, आइपी कैमरे, दूरबीन, वायरलैस एवं साइबर सुरक्षा से संबंधित उपकरण मौजूद थे। वहीं, उत्तराखंड पुलिस की ओर से साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन एवं एसडीआरएफ की ओर से भी स्टाल लगाए गए थे।
