ऋषिकेश-हरिद्वार राष्ट्रीय राजमार्ग पर खदरी-श्यामपुर रेलवे फाटक में लगने वाले जाम से निजात की दिशा में नेशनल हाईवे डोईवाला डिवीजन की ओर से प्रयास धरातल पर उतारने शुरू हो गए हैं। केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय की ओर से 4.5 करोड़ रूपये इस कार्य के लिए मंजूर हो चुका है।विभाग की ओर से टेंडर भी आमंत्रित कर दिए गए हैं। नेशनल हाईवे डिवीजन की कोशिश यह है कि अगले वर्ष चार धाम यात्रा शुरू होने से पूर्व यहां पर लगने वाले जाम से मुक्ति मिल जाए।
ऋषिकेश-हरिद्वार राष्ट्रीय राजमार्ग पर हरिद्वार की ओर से आने वाला ट्रैफिक फोरलेन के जरिए नेपाली फार्म तक पहुंचता है। नेपाली फार्म से खदरी-श्यामपुर रेलवे फाटक तक सड़क कम चौड़ी होने के कारण यातायात प्रभावित होता आया है। चार धाम यात्रा, कावड़ यात्रा और सप्ताहांत पर यहां जाम की समस्या पैदा हो जाती है।
रेलवे फाटक से दोपहर तक करीब 10 रेल सेवा होकर गुजरती हैं। उतनी बार रेलवे फाटक को बंद करना पड़ता है। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं। रेलवे फाटक कम चौड़ा होने के कारण समस्या और बढ़ जाती है। इस समस्या को लेकर मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और डीजीपी के स्तर पर चर्चा हो चुकी थी। इस वर्ष जून माह में संपन्न हुए जी-20 के आयोजन को लेकर इस कार्य को विशेष श्रेणी में शामिल किया गया था।
केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय की ओर से इस कार्य के लिए 4.5 करोड़ रुपए का बजट स्वीकृत किया जा चुका है। नेशनल हाईवे डोईवाला डिवीजन की ओर से इस कार्य के लिए टेंडर भी आमंत्रित किया जा चुके हैं। इस कार्य में संबंधित फर्म को पांच वर्ष तक इसका रखरखाव भी करना होगा। टेंडर लेने वाली फर्म को इस कार्य के लिए अनुबंध की प्रक्रिया गतिमान है। इन सब औपचारिकता के पूर्ण होने में एक माह का वक्त लगेगा।
रेलवे फाटक चौड़ीकरण योजना के अंतर्गत नेशनल हाईवे डिवीजन की ओर से रेलवे विभाग को 73 लख रुपए दे दिया गया है। इस मद में विभाग को आठ मीटर चौड़े रेलवे फाटक को 15 मीटर चौड़ा करना है। इसके ऊपर टाइल्स लगाने का भी कम रेलवे विभाग ही करेगा।
नेशनल हाईवे डोईवाला डिवीजन की ओर से बंगाला नाले के समीप डाउनस्ट्रीम में रिटर्निंग वाल का निर्माण कराया जाएगा। यहां पर वैली ब्रिज बनाया जाएगा। हरिद्वार की ओर से आने वाला ट्रैफिक वैली ब्रिज के ऊपर से होकर ऋषिकेश क्षेत्र में प्रवेश करेगा।
ऋषिकेश से हरिद्वार जाने वाले सभी वाहन पुराने पुलिया के रास्ते से होकर गुजरेंगे। सहायक अभियंता नेशनल हाईवे डिविजन अमित वर्मा ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद अन्य औपचारिकताओं पर कार्य चल रहा है। इस वर्ष अक्टूबर माह में इस पर कार्य शुरू होने की उम्मीद है। सब कुछ ठीक रहा तो अगले वर्ष चार धाम यात्रा में यहां जाम से निजात मिलना संभव हो जाएगा।
